Oasis News
Delhiनेशनललेटेस्ट न्यूज

क्या सेंट्रल विस्टा के लिए गिरा दिए जाएंगे शास्त्री भवन और कृषि भवन?

**क्या सेंट्रल विस्टा के लिए गिरा दिए जाएंगे शास्त्री भवन और कृषि भवन?

कॉमन सेंट्रल सेक्रेट्रिएट परियोजना ने बढ़ाई ऐतिहासिक इमारतों की चिंता**

नई दिल्ली: सेंट्रल विस्टा को लेकर बड़ा सवाल

क्या देश की दो ऐतिहासिक सरकारी इमारतें — शास्त्री भवन और कृषि भवन — अब इतिहास बन जाएंगी? यह सवाल इसलिए उठ रहा है क्योंकि केंद्र सरकार कॉमन सेंट्रल सेक्रेट्रिएट (CCS) बिल्डिंग के निर्माण की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है।
सेंट्रल विस्टा री-डेवलपमेंट प्लान के तहत इन दोनों इमारतों की जगह नई सीसीएस बिल्डिंग बनाए जाने की तैयारी है।

शास्त्री भवन और कृषि भवन की जगह बनेगी CCS बिल्डिंग

सरकारी योजना के मुताबिक, कृषि भवन और शास्त्री भवन के प्लॉट पर नई कॉमन सेंट्रल सेक्रेट्रिएट बिल्डिंग का निर्माण किया जाएगा।
कहा जा रहा है कि इन दोनों ही इमारतों को गिराने की प्रक्रिया शुरुआती चरण में प्रवेश कर चुकी है

CPWD ने जारी किए CCS-4 और CCS-5 के टेंडर

इस दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए सेंट्रल पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट (CPWD) ने
सोमवार, 19 जनवरी को डॉ. राजेंद्र प्रसाद रोड पर CCS-4 और CCS-5 के निर्माण के लिए टेंडर जारी कर दिए हैं।

टेंडर डॉक्यूमेंट में साफ संकेत

टेंडर में जिन प्लॉट्स का उल्लेख किया गया है, वहीं वर्तमान में शास्त्री भवन और कृषि भवन मौजूद हैं
इसी से यह संकेत मिल रहा है कि इन ऐतिहासिक इमारतों को हटाकर नई इमारतें खड़ी की जाएंगी।

10 बिल्डिंगों वाले CCS कॉम्पलेक्स का हिस्सा

CCS-4 और CCS-5, उस 10 बिल्डिंगों वाले कॉमन सेंट्रल सेक्रेट्रिएट कॉम्पलेक्स का हिस्सा हैं,
जिसे 2019 में सेंट्रल विस्टा री-डेवलपमेंट प्लान के तहत मंजूरी दी गई थी।

क्या इतिहास बन जाएंगी दोनों इमारतें?

शास्त्री भवन और कृषि भवन दशकों से भारत सरकार के अहम मंत्रालयों का केंद्र रहे हैं।
इन इमारतों को हटाने की खबरों के बीच यह सवाल भी उठ रहा है कि:

  • क्या इनका संरक्षण संभव नहीं था?

  • क्या नई इमारत के लिए इन्हें गिराना जरूरी है?

सरकार की दलील क्या है?

सरकार का कहना है कि कॉमन सेंट्रल सेक्रेट्रिएट बनने से:

  • मंत्रालय एक ही परिसर में आएंगे

  • प्रशासनिक कामकाज तेज होगा

  • किराए और रखरखाव का खर्च घटेगा

निष्कर्ष

CPWD द्वारा टेंडर जारी होने के बाद यह लगभग साफ हो गया है कि
शास्त्री भवन और कृषि भवन का भविष्य अधर में है
सेंट्रल विस्टा परियोजना के तहत ये दोनों इमारतें जल्द ही इतिहास का हिस्सा बन सकती हैं, जबकि उनकी जगह आधुनिक कॉमन सेंट्रल सेक्रेट्रिएट कॉम्पलेक्स आकार लेगा।

Related posts

दिल्ली ब्लास्ट पर भड़का मुस्लिम लड़का हम मुसलमानों को क्यों बदनाम किया जाता है

oasisadmin

Rahul Gandhi ने Narendra Modi के लिए किया ‘वोट बैंक नृत्य’ का आरोप — बिहार चुनावी मंच पर गरमाया माहौल

oasisadmin

इंडियन एयरस्पेस में उड़ान भरेंगे पाकिस्तानी विमान, 4 घंटे में चौपट हो गया PAK का एजेंडा

oasisadmin

Leave a Comment