🇮🇳 ISRO का बड़ा मिशन: GSLV-F17 से EOS-05 की लॉन्चिंग, भारत की Space और Earth Observation क्षमता को मिलेगी नई ताकत
श्रीहरिकोटा, 3 सितंबर 2026: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) एक महत्वपूर्ण मिशन के लिए पूरी तरह तैयार है। ISRO का GSLV-F17 रॉकेट EOS-05 Earth Observation Satellite को लेकर 4 सितंबर 2026 की सुबह 2:55 बजे श्रीहरिकोटा स्थित Satish Dhawan Space Centre से उड़ान भरेगा। ISRO ने आधिकारिक तौर पर मिशन की लॉन्चिंग निर्धारित की है।
यह मिशन इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि EOS-05 भारत का पहला imaging satellite है जिसे geosynchronous orbit से Earth observation के लिए डिजाइन किया गया है। लगभग 36,000 किलोमीटर की ऊंचाई वाली इस कक्षा से एक बड़े क्षेत्र की लगातार निगरानी और बार-बार imaging संभव हो सकती है।
🚀 क्या है GSLV-F17 मिशन?
GSLV-F17 भारत के Geosynchronous Satellite Launch Vehicle का 19वां flight है। इस मिशन में GSLV-F17, EOS-05 को अंतरिक्ष में स्थापित करने का काम करेगा। ISRO के अनुसार EOS-05 का मुख्य उद्देश्य Earth Observation है।
इस तरह के Earth Observation satellite से मौसम की निगरानी, प्राकृतिक आपदाओं की tracking, कृषि, बाढ़, चक्रवात और भूमि एवं जल संसाधनों में होने वाले बदलावों की निगरानी जैसे क्षेत्रों में मदद मिल सकती है।
🌍 भारत के लिए क्यों खास है EOS-05?
आमतौर पर Earth Observation satellites किसी क्षेत्र के ऊपर से गुजरते हुए समय-समय पर तस्वीरें लेते हैं। Geosynchronous orbit में काम करने वाला satellite किसी बड़े क्षेत्र को अधिक लगातार observe कर सकता है।
EOS-05 को इसी क्षमता को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। इससे भारत को मौसम और आपदा प्रबंधन के साथ-साथ strategic observation में भी नई क्षमता मिलने की उम्मीद है।
🇮🇳 अध्यक्ष की ओर से प्रतिक्रिया
इस महत्वपूर्ण अंतरिक्ष मिशन पर अध्यक्ष की ओर से कहा गया कि भारत की अंतरिक्ष क्षमता लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है।
उन्होंने कहा कि ऐसे मिशन केवल अंतरिक्ष विज्ञान की उपलब्धि नहीं हैं, बल्कि इनका सीधा लाभ मौसम पूर्वानुमान, आपदा प्रबंधन, कृषि, सुरक्षा और देश की तकनीकी क्षमता को भी मिल सकता है।
उन्होंने ISRO के वैज्ञानिकों और पूरी टीम को मिशन की सफलता के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भारत का आत्मनिर्भर Space Programme देश के युवाओं के लिए भी प्रेरणा का बड़ा स्रोत है।
🛰️ लॉन्च पर देश की नजर
ISRO के अनुसार GSLV-F17/EOS-05 मिशन की लॉन्चिंग 4 सितंबर को सुबह 2:55 बजे IST निर्धारित है और ISRO ने इसके लिए Live Streaming की भी व्यवस्था की है।
यह मिशन भारत के Earth Observation और Space Technology Programme के लिए एक महत्वपूर्ण अगला कदम माना जा रहा है।
Disclaimer
यह समाचार उपलब्ध आधिकारिक एवं विश्वसनीय स्रोतों से प्राप्त जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। मिशन की निर्धारित समय-सारणी में तकनीकी या मौसम संबंधी कारणों से बदलाव संभव है। पाठकों को अंतिम अपडेट के लिए ISRO के आधिकारिक स्रोतों की जानकारी को प्राथमिकता देने की सलाह दी जाती है।

